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स्थानीय उम्मीदवार की मांग को लेकर एक हुआ केदारनाथ भाजपा संगठन- बाहरी उम्मीदवार पर जताया कड़ा विरोध

देहरादून: उत्तराखंड में प्रत्यासियों की लंबी फहरियत को देखते हुए आलाकमान की मुश्किल बढ़ी हुई है ऐसे में केदारनाथ विधानसभा से भाजपा में मचे घमासान के बीच बाहरी प्रत्याशी का हो रहा है जोर शोर से विरोध। पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पर मंत्री डॉ हरक सिंह रावत का नाम चलने के बाद केदारनाथ विधानसभा से टिकट के लिए अपनी अपनी दावेदारी करने वाले सभी क्षेत्रीय दावेदारों ने केंद्रीय नेतृत्व को एक चिट्ठी लिख कर भेजी है जिसमें उन्होंने डॉ हरक सिंह रावत का पुरजोर विरोध किया है।

उन्होंने कहा कि पार्टी किसी भी क्षेत्रीय व्यक्ति को प्रत्याशी घोषित करें क्योंकि यदि बाहरी व्यक्ति को यहां थोपा गया तो भाजपा को इस सीट से हाथ धोना पड़ सकता है, सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष सहित केंद्रीय नेतृत्व एवं प्रदेश अध्यक्ष सहित उत्तराखंड प्रभारी को भी यह चिट्ठी भेजी है। इस बार केदारनाथ विधानसभा क्षेत्र से अपनी दावेदारी कर रहे प्रत्याशी अपने-अपने स्तर पर बाहरी प्रत्याशी का पूर्ण जोर से विरोध करते दिख रहे हैं यही नहीं कई जगह सोशल मीडिया और प्रिंट मीडिया में भी उनका विरोध देखने को मिल रहा है।


क्षेत्रीय प्रत्याशियों और जनता के विरोध को देखते हुए लगता है कि इस सीट पर भारतीय जनता पार्टी की चुनाव समिति को दोबारा से सोचना पड़ सकता है क्योंकि लोगों का मानना है कि उनको उनके ही क्षेत्र का प्रत्याशी चाहिए ना कि बाहरी थोपा हुआ।

लोगों का कहना है की हर बार हरक सिंह रावत क्यों अपनी सीट बदल देते है। हरक सिंह के दावेदार के तौर पर नाम चलने से केदारनाथ सीट के समस्त जिला पदाधिकारी एवं वरिष्ठ कार्यकर्ताओं में बहुत ज्यादा रोष व नाराजगी दिखाई दे रही हैं । कार्यकर्ता यहां तक मन बना चुके हैं कि ख़ुद को हरक सिंह रावत से ठगने से अच्छा है अपने अपने घरों में बैठकर निर्दलीयों को जीताने का काम करें। अगर भाजपा शीर्ष नेतृत्व इस सीट पर इस बार कमल खिला हुआ देखना चाहती है तो उसे स्थानीय प्रत्याशी को टिकट देना होगा अन्यथा भाजपा को फिर हार का मुंह देखना पड़ेगा।