Solar Plant




देहरादून :
उत्तराखंड में ऊर्जा क्षेत्र में क्रांतिकारी परिवर्तन लाने के लिए प्रदेश सरकार सोलर प्रोजेक्ट को अधिक से अधिक बढ़ावा देने पर काम कर रही है। बिजली पैदा करने के लिए वो उन गांवों को चिन्हित करने का काम कर रही है जिनमें सूरज की रोशनी सबसे ज्यादा समय तक रहती हो। सरकार ने ऐसे एक हजार गांवों का चिन्ह्किरण भी शुरू कर दिया है, जहां वो सोलर प्रोजेक्ट लगाने पर विशेष रियायतें देगी। सौर ऊर्जा की दिशा में 14 जनवरी को मकर संक्रांति पर सरकार यह अहम कदम उठाने जा रही है।

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इस विषय में सचिव ऊर्जा आर मीनाक्षी सुंदरम ने बताया कि प्रदेश में नई सौर ऊर्जा नीति बन रही है जो जनवरी माह में मकर संक्रांति से लागू कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि इससे 2000 मेगावाट से अधिक बिजली उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही एक हजार गांवों को सोलर गांव घोषित किया जाएगा।




उन्होंने बताया कि उरेडा की टीमें हर जिले में ऐसे गांवों को चिन्ह्ति कर रही हैं, जहां  सूरज की रोशनी अधिकतम समय रहती है। जिन गांवों को सोलर ग्राम घोषित किया जायेगा वहां सोलर प्रोजेक्ट लगाने वालों को सरकार की ओर से विशेष रियायतें दी जाएंगी। इन प्रोजेक्ट से होने वाले बिजली उत्पादन को ग्रिड तक ले जाने के लिए भी खास कार्ययोजना बनाई जाएगी।