पौड़ी की बेटी अंकिता ध्यानी का ऐतिहासिक गोल्ड; एशियन गेम्स का टिकट पक्कापौड़ी गढ़वाल की बेटी अंकिता ध्यानी ने रचा इतिहास नेशनल चैंपियनशिप में जीता गोल्ड, एशियन गेम्स के लिए किया क्वालीफाई

पौड़ी गढ़वाल की बेटी अंकिता ध्यानी ने रचा इतिहास नेशनल चैंपियनशिप में जीता गोल्ड, एशियन गेम्स के लिए किया क्वालीफाई

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National Inter-State Senior Athletics Championship : उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल की प्रतिभावान धाविका अंकिता ध्यानी ने ओडिशा के भुवनेश्वर में आयोजित 65वीं राष्ट्रीय इंटर स्टेट सीनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में ऐतिहासिक प्रदर्शन किया है। अंकिता ने महिलाओं की 3000 मीटर स्टीपलचेज स्पर्धा में शानदार खेल दिखाते हुए स्वर्ण पदक (Gold Medal) अपने नाम किया है। इस धमाकेदार जीत के साथ ही उन्होंने आगामी एशियन गेम्स के लिए भी क्वालीफाई कर लिया है।

3000 मीटर स्टीपलचेज में गोल्ड, 1500 मीटर में सिल्वर

कलिंगा स्टेडियम में आयोजित इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में अंकिता ध्यानी ने दोहरी सफलता हासिल की। उन्होंने 3000 मीटर स्टीपलचेज दौड़ को मात्र 9 मिनट 44.05 सेकंड में पूरा कर सोने का तमगा जीता। इसके अलावा, अपनी बेहतरीन फॉर्म को जारी रखते हुए अंकिता ने 1500 मीटर रेस में भी 4 मिनट 20.78 सेकंड का समय निकालकर रजत पदक (Silver Medal) अपने नाम किया।

जापान में होने वाले एशियन गेम्स का टिकट पक्का

इस चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने के साथ ही अंकिता ध्यानी ने एशियन गेम्स के कड़े क्वालिफिकेशन मानकों को सफलतापूर्वक हासिल कर लिया है। अब वह आगामी एशियन गेम्स में भारतीय एथलेटिक्स टीम का प्रतिनिधित्व करती नजर आएंगी। अंकिता की इस स्वर्णिम सफलता से न सिर्फ उत्तराखंड, बल्कि पूरा देश गौरवान्वित है।

कठिन परिस्थितियों से निकलकर छूआ आसमान

मूल रूप से पौड़ी गढ़वाल के जयहरीखाल ब्लॉक के मेरुड़ा गांव की रहने वाली ओलंपियन अंकिता ध्यानी एक साधारण किसान परिवार से ताल्लुक रखती हैं। तमाम आर्थिक और भौगोलिक चुनौतियों को पार करते हुए उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है। अंकिता ने अपनी इस जीत का श्रेय अपने कोच, परिवार और प्रशंसकों को दिया है। उन्होंने कहा कि उनका अगला लक्ष्य एशियन गेम्स में देश के लिए पदक जीतना है।उत्तराखंड के खेल प्रेमियों और विभिन्न संगठनों ने अंकिता की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर उन्हें बधाई दी है और उम्मीद जताई है कि वह भविष्य में भी देश का नाम इसी तरह रोशन करती रहेंगी।

अंकिता की इस सफलता पर उत्तराखंड में खुशी की लहर

अंकिता की इस ऐतिहासिक सफलता पर पूरे उत्तराखंड में खुशी की लहर है। उनकी उपलब्धि न केवल पौड़ी गढ़वाल बल्कि पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। अब एशियन गेम्स में उनसे शानदार प्रदर्शन की उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं।

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