कर्णप्रयाग : उत्तराखंड के जनपद चमोली के कर्णप्रयाग में हुए विवाद का मामला अभी थमा भी नहीं था कि शनिवार को कुछ निहंग यात्रियों ने रुद्रप्रयाग के नगरासू स्थित गुरुद्वारे में सेवादारों को बंधक बना कब्जा कर लिया है। जिससे क्षेत्र में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। इस घटना को कुछ दिन पहले कर्णप्रयाग में स्थानीय लोगों और निहंग सिखों के बीच हुई हिंसक झड़प की घटना की प्रतिक्रिया के रूप में देखा जा रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!जानकारी के अनुसार हेमकुंड साहिब की यात्रा पर आए कुछ निहंग सिखों ने नगरासू गुरुद्वारे में शरण ली थी। आरोप है कि भोजन व्यवस्था और कर्णप्रयाग में हुई घटना पर स्थानीय लोगों के खिलाफ कार्रवाई न होने को लेकर निहंगों का गुरुद्वारा समिति के सेवादारों और स्थानीय लोगों से विवाद हो गया।
विवाद बढ़ने के बाद निहंग सिखों ने कथित तौर पर एक सेवादार के साथ मारपीट की और गुरुद्वारे की छत पर चढ़कर वहां हथियारों के बल पर कब्जा जमा लिया। तनाव और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन और पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची । हालात को देखते हुए गुरुद्वारे के आसपास भारी पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों को तैनात कर दिया गया है ताकि स्थिति नियंत्रण में रहे। पुलिस के आला अधिकारी गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी से चर्चा कर हालात पर नजर रखे हुए है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार,छत पर मौजूद निहंग श्रद्धालु पारंपरिक वेशभूषा में है और उनके पास धार्मिक परंपरा से जुड़े शस्त्र के अलावा कुल्हाड़ी डंडे इत्यादि मौजूद हैं। उनके द्वारा गुरुद्वारे की छत में पत्थर जोड़े जा रहे हैं और गुरुद्वारे की ऊपरी मंजिल में पिलरों को छती पहुंचाई जा रही है। घटना के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना रहा। अधिकारियों ने बताया कि पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर रखी जा रही है। संवेदनशील माहौल को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील की है।
